बिहार विधानपरिषद चुनाव के बीच राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) में अंदरूनी असंतोष खुलकर सामने आ गया है। विधानपरिषद का टिकट नहीं मिलने से नाराज पूर्व विधायक एवं पार्टी के अनुसूचित जाति/जनजाति (SC/ST) प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय अध्यक्ष शिवचंद्र राम ने पार्टी के सभी पदों से इस्तीफा देने की घोषणा कर दी। यहां प्रेसवार्ता में इस्तीफे की घोषणा करते समय दलित नेता शिवचंद्र राम भावुक हो गए और उनकी आंखों से आंसू छलक पड़े। राम ने कहा कि एक पार्टी कार्यकर्ता के रूप में मैं हमेशा अपने नेता के प्रति पूरी निष्ठा और समर्पण के साथ काम करता रहा। लेकिन मेरे साथ अन्याय हुआ है। पिछले तीन दिनों से मेरे समाज के लोग पटना के विभिन्न होटलों में एकत्रित हैं। उन्हें मुझे टिकट नहीं मिलने से गहरा आघात पहुंचा है। मुझे अपने समाज का सम्मान और उसका नेतृत्व करना है। इसलिए आज मैं राजद के एससी/एसटी प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय अध्यक्ष पद सहित पार्टी के सभी पदों से इस्तीफा देता हूं।
राजापाकर विधानसभा क्षेत्र का प्रतिनिधित्व कर चुके और राज्य सरकार में मंत्री का दायित्व संभाल चुके राम लंबे समय से विधानपरिषद भेजे जाने की उम्मीद लगाए हुए थे। हालांकि, पिछले दो विधानसभा चुनावों में यह सीट कांग्रेस के खाते में चली जाने के कारण वह सक्रिय राजनीति में हाशिये पर रहे हैं। पार्टी में उभरते असंतोष और टिकट वितरण को लेकर बढ़ते विवाद ने आगामी राजनीतिक चुनौतियों के बीच राजद नेतृत्व की मुश्किलें बढ़ा दी हैं।