आगामी खंडगिरि जात्रा (नाट्य महोत्सव) के सुचारु, सुरक्षित और अनुशासित आयोजन को सुनिश्चित करने के लिए भुवनेश्वर कमिश्नरेट पुलिस ने 14 सख्त दिशा-निर्देश जारी किए हैं। रविवार को जात्रा आयोजन समितियों को नोटिस भी थमाए गए। इन नियमों का उद्देश्य कानून-व्यवस्था, सार्वजनिक सुरक्षा और सामाजिक सौहार्द बनाए रखना है।
खंडगिरि पुलिस द्वारा जारी निर्देशों के अनुसार, जात्रा के दौरान किसी भी प्रकार के नग्न नृत्य, अश्लील हरकतों या उत्तेजक प्रस्तुतियों पर पूरी तरह प्रतिबंध रहेगा। आयोजकों को भीड़ प्रबंधन और आपात स्थितियों से निपटने के लिए जात्रा पंडाल के आसपास कम से कम छह आपातकालीन प्रवेश और निकास मार्ग उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं।
पुलिस ने स्पष्ट किया है कि पंडाल का आकार लाइसेंस में निर्धारित सीमा से अधिक नहीं होना चाहिए। इसके अनुरूप आयोजकों को अनुमोदित सीटों की संख्या के अनुसार ही बैठने की व्यवस्था करनी होगी। पर्याप्त अग्नि सुरक्षा उपकरण और उचित पार्किंग व्यवस्था अनिवार्य होगी। साथ ही, ध्वनि स्तर तय डेसिबल सीमा से अधिक नहीं होना चाहिए।
ऐसी किसी भी प्रस्तुति या दृश्य पर प्रतिबंध लगाया गया है, जो धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाए, किसी समुदाय या जाति को निशाना बनाए, या पशुओं को नुकसान पहुंचाए। दर्शकों की सुविधा और सुरक्षा के लिए पर्याप्त स्वयंसेवकों की तैनाती भी अनिवार्य की गई है।
जात्रा समितियों को जात्रा परिसर के भीतर अस्थायी सड़क किनारे विक्रेताओं को अनुमति देने से मना किया गया है। इसके अलावा, जात्रा मैदान में नशीले पदार्थों के उपयोग या प्रचार तथा जुआ खेलने पर भी सख्त प्रतिबंध रहेगा।
पुलिस अधिकारियों ने चेतावनी दी है कि इन नियमों का उल्लंघन करने पर कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
इस संबंध में एसीपी जोन-3 तपस प्रधान ने मीडिया से बातचीत में कहा कि यहां की जात्रा समितियां जिम्मेदार हैं और सभी ने हमारी बात से सहमति जताई है। हमने उन्हें जात्रा के दौरान किसी भी प्रकार के नग्न नृत्य या अश्लील प्रदर्शन पर रोक संबंधी दिशा-निर्देश जारी किए हैं। उन्होंने आगे कहा कि समितियों ने हमें आश्वासन दिया है कि वे हमारे सभी दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन करेंगी।