मुख्य सचिव अनु गर्ग ने आज लोक सेवा भवन में एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए ओडिशा में एलपीजी (रसोई गैस), पेट्रोल और डीज़ल की उपलब्धता तथा आपूर्ति श्रृंखला की स्थिति का आकलन किया। हाल के दिनों में ईंधन भंडार और वैश्विक तेल बाजार में उतार-चढ़ाव को लेकर उठी राष्ट्रीय स्तर की चिंताओं के बीच यह बैठक आयोजित की गई।
बैठक में खाद्य आपूर्ति एवं उपभोक्ता कल्याण विभाग के प्रधान सचिव संजय कुमार सिंह सहित प्रमुख तेल विपणन कंपनियों—AOCL, HPCL और BPCL—के वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए।
तेल कंपनियों के प्रतिनिधियों ने बताया कि राज्य में एलपीजी, पेट्रोल और डीज़ल का पर्याप्त भंडार उपलब्ध है। उन्होंने आश्वासन दिया कि रिफाइनरी और डिपो से डिस्ट्रीब्यूटर्स, रिटेल आउटलेट्स, शैक्षणिक संस्थानों और अस्पतालों तक आपूर्ति बिना किसी रुकावट के जारी है। फिलहाल वितरण व्यवस्था में कोई बाधा नहीं है।
मुख्य सचिव अनु गर्ग ने लोगों से अपील की कि वे घबराएं नहीं और ईंधन का अनावश्यक भंडारण (होर्डिंग) न करें। उन्होंने जोर देकर कहा कि पूरे राज्य में पर्याप्त मात्रा में ईंधन उपलब्ध है। साथ ही उन्होंने तेल कंपनियों को संतुलित आपूर्ति श्रृंखला बनाए रखने और सभी उपभोक्ता केंद्रों पर निर्बाध उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
पारदर्शिता बढ़ाने और गलत सूचनाओं पर रोक लगाने के लिए मुख्य सचिव ने खाद्य आपूर्ति एवं उपभोक्ता कल्याण विभाग तथा तेल विपणन कंपनियों को निर्देश दिया कि वे मीडिया के माध्यम से नियमित रूप से जानकारी साझा करें और ईंधन भंडार की स्थिति को लेकर जनता में जागरूकता फैलाएं।
इसके अतिरिक्त तेल कंपनियों को यह भी निर्देश दिया गया है कि वे ओडिशा में ईंधन की उपलब्धता से संबंधित जो जानकारी केंद्र सरकार के साथ साझा की जाती है, उसकी दैनिक रिपोर्ट राज्य के खाद्य एवं उपभोक्ता कल्याण विभाग को सौंपें।
यह सक्रिय समीक्षा हाल ही में राज्य में ईंधन की कमी को लेकर फैल रही अफवाहों के बीच की गई है, जिन्हें प्रशासन ने बार-बार निराधार बताया है। सरकार ने दोहराया कि घरों और संस्थानों के लिए आवश्यक ईंधन की स्थिर और भरोसेमंद आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए वह प्रतिबद्ध है।