प्रसिद्ध रेत कलाकार सुदर्शन पटनायक ने राष्ट्रीय नव वर्ष (हिंदू नववर्ष) के अवसर पर पुरी समुद्र तट पर 7 फीट ऊंची और 15 फीट लंबी भव्य रेत की मूर्ति बनाई। इस शिल्प पर ‘स्वागतम राष्ट्रीय नव वर्ष’ लिखा गया है।
पटनायक ने अपने इस कला कार्य को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर साझा करते हुए सभी को हिंदू नववर्ष की शुभकामनाएं दीं।
उन्होंने लिखा- “आप और आपके परिवार को हिन्दू नववर्ष की हार्दिक शुभकामनाएं। ओडिशा के पुरी बीच पर ‘स्वागतम राष्ट्रीय नववर्ष’ संदेश के साथ मेरी यह सैंड आर्ट। परंपरा, संस्कृति और नई शुरुआत का उत्सव।”
राष्ट्रीय नववर्ष (हिंदू नववर्ष), जो 19 मार्च 2026 को मनाया गया, विक्रम संवत 2083 की शुरुआत का प्रतीक है और यह चैत्र शुक्ल प्रतिपदा के दिन मनाया जाता है। यह भारत में एक महत्वपूर्ण सांस्कृतिक और धार्मिक पर्व है, जो हिंदू चंद्र कैलेंडर की शुरुआत, नई शुरुआतों और वसंत ऋतु के आगमन का प्रतीक माना जाता है।
हिंदू धर्मग्रंथों के अनुसार, इसी दिन भगवान ब्रह्मा ने सृष्टि की रचना प्रारंभ की थी, इसलिए इसे नए कार्यों की शुरुआत के लिए अत्यंत शुभ माना जाता है।