रथ यात्रा से पहले हुई अंतिम समीक्षा बैठक के बाद श्री जगन्नाथ मंदिर प्रशासन (एसजेटीए) के मुख्य प्रशासक डॉ. अरविंद कुमार पाढ़ी ने बताया कि इस वर्ष 14 जुलाई को भगवान जगन्नाथ का नवयौवन दर्शन सीमित अवधि के लिए ही होगा।
मीडिया से बातचीत में डॉ. पाढ़ी ने कहा कि 15 जुलाई, यानी 'उभा' के दिन श्रद्धालुओं के लिए महाप्रभु के दर्शन पूरी तरह बंद रहेंगे।
उन्होंने रथ यात्रा के लिए कड़े नियमों की भी घोषणा की। उन्होंने स्पष्ट कहा कि बिना अनुमति किसी भी व्यक्ति को रथ पर चढ़ने की अनुमति नहीं होगी। नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
एसजेटीए प्रमुख ने बताया कि रथों पर मोबाइल फोन का उपयोग पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा। उन्होंने कहा कि रथों पर गुप्त रूप से मोबाइल फोन या अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के इस्तेमाल पर नजर रखने के लिए वीडियो कैमरों से निगरानी की जाएगी।
भीड़ और रथ संचालन को अधिक सुव्यवस्थित बनाने के लिए इस वर्ष रथ खींचने हेतु दो सेट रस्सियों का उपयोग किया जाएगा।
एसजेटीए ने सभी श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे विश्व प्रसिद्ध रथ यात्रा के शांतिपूर्ण, सुरक्षित और अनुशासित आयोजन के लिए मंदिर प्रशासन और सुरक्षा बलों का पूरा सहयोग करें।