पेयजल विभाग के क्लर्क संतोष कुमार के साथ पूछताछ के दौरान ईडी दफ्तर में मारपीट को लेकर एयरपोर्ट थाना में दर्ज प्राथमिकी के बाद मामला तूल पकड़ता दिख रहा है। रांची पुलिस की एक टीम के ईडी दफ्तर पहुंचने पर वहां सीआईएसएफ को बुला लिया गया है। इस बीच नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने इस मामले को लेकर राज्य सरकार पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। नेता प्रतिपक्ष ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को एक्स पर टैग करते हुए लिखा है कि ईडी कार्यालय में मुख्यमंत्री और पुलिस प्रशासन से जुड़े हजारों करोड़ रुपये के भ्रष्टाचार मामलों से संबंधित महत्वपूर्ण साक्ष्य मौजूद हैं। आशंका है कि पुलिस कार्रवाई की आड़ में इन अहम साक्ष्यों के साथ छेड़छाड़ या उन्हें नष्ट करने का प्रयास किया जा सकता है। उन्होंने लिखा है कि झारखंड में पहले भी ईडी के विरुद्ध झूठे मुकदमे दर्ज कराए गए हैं और झामुमो-कांग्रेस कार्यकर्ताओं द्वारा ईडी दफ्तर पर हमले की कोशिशें भी की जा चुकी हैं। ऐसी घटनाएं जांच एजेंसियों के स्वतंत्र और निष्पक्ष कार्य में बाधा डालने का प्रयास है।
नेता प्रतिपक्ष ने सीएम को चेतावनी देते हुए लिखा है कि झारखंड को बंगाल नहीं बनने देंगे। आपको भ्रष्टाचार की सजा जरूर मिलेगी। नेता प्रतिपक्ष ने पीएमओ और गृह मंत्री को टैग करते हुए लिखा है कि रांची स्थित ईडी कार्यालय पर केंद्रीय बलों की तैनाती कर सुरक्षा सुनिश्चित करें। इस बीच सीआईएसएफ की एक टुड़की ईडी दफ्तर पहुंचकर दफ्तर की घेराबंदी कर दी है।