बच्चों, महिलाओं और किशोरियों के पोषण, स्वास्थ्य जागरूकता व प्रारंभिक बाल विकास सेवाओं को मजबूत करने के उद्देश्य से उपमुख्यमंत्री प्रभाति परिडा ने महिला एवं बाल विकास विभाग के कॉन्फ्रेंस हॉल से ‘आंगन का उत्सव’ अभियान का वर्चुअल उद्घाटन किया।
इस अवसर पर उन्होंने आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं का कपड़ा भत्ता 1,390 रुपये से बढ़ाकर 1,500 रुपये करने की घोषणा की। इसमें केंद्र सरकार 600 रुपये और ओडिशा सरकार 900 रुपये देगी। 22.30 करोड़ रुपये के बजटीय प्रावधान से राज्य की करीब 1.48 लाख आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं को लाभ मिलेगा।
परिडा ने डायरेक्ट इनवॉएस पेमेंट एंड ट्रैकिंग इंटरफेस (डीआईपीटीआई) भी लॉन्च किया। इसके जरिए आंगनवाड़ी केंद्रों के बिजली बिलों का डिजिटल सत्यापन, भुगतान और ट्रैकिंग की जा सकेगी। इससे आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को बिजली बिल भुगतान की वित्तीय और प्रशासनिक जिम्मेदारी से राहत मिलेगी और केंद्रों में निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने में मदद मिलेगी। परिडा ने कहा कि इस पहल से आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं का प्रशासनिक बोझ कम होगा और वे बच्चों व माताओं को पोषण, स्वास्थ्य तथा बाल विकास सेवाएं देने पर अधिक ध्यान दे सकेंगी।
‘आंगन का उत्सव’ 27 से 29 सितंबर 2026 तक राज्य के सभी 74,224 आंगनवाड़ी केंद्रों में आयोजित होगा। यह अभियान पोषण माह (9 सितंबर–8 अक्टूबर) और सेवा संकल्प अभियान (17 सितंबर–17 अक्टूबर) के तहत आयोजित किया जा रहा है। इसमें करीब 37.11 लाख लाभार्थी व एएमसी सदस्य तथा 13.03 लाख बच्चे शामिल होंगे।
27 सितंबर को पोषण एवं खाद्य प्रतियोगिताएं होंगी, जिसमें परिवारों द्वारा तैयार ‘पोषण पीठा’ और स्थानीय खाद्य सामग्री से पिता के लिए खाना पकाने की प्रतियोगिता आयोजित की जाएगी।
28 सितंबर को बच्चों के लिए खेल, मनोरंजक गतिविधियां और कहानी सुनाने के सत्र होंगे। बच्चों को लस्सी, स्थानीय फल और मिलेट कुकीज भी दी जाएंगी।
29 सितंबर को पोषण, सुभद्रा, ममता, पीएम आवास और आजीविका जैसी सरकारी योजनाओं पर चर्चा होगी। इस दिन आंगनवाड़ी और आशा कार्यकर्ताओं के लिए पौष्टिक ‘तिरंगा थाली’ की भी व्यवस्था की जाएगी।
परिडा ने आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं की भूमिका को महत्वपूर्ण बताते हुए अभियान में परिवारों और समुदायों की सक्रिय भागीदारी का आह्वान किया।
कार्यक्रम में महिला एवं बाल विकास विभाग की आयुक्त-सह-सचिव डॉ. मृणालिनी दरस्वाल, निदेशक मोनिशा बनर्जी, टीपीसीओडीएल के सीईओ गजानन एस. काले सहित विभाग और टीपीसीओडीएल के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।