ओडिशा सरकार 1 अप्रैल से 14 अप्रैल तक पूरे राज्य में 14 दिवसीय सांस्कृतिक उत्सव ‘ओड़िया पखवाड़ा’ मनाएगी। यह आयोजन ओडिशा दिवस से ओड़िया नववर्ष तक चलने वाला विशेष सांस्कृतिक पर्व होगा, जिसका उद्देश्य लोगों को राज्य की समृद्ध परंपरा, भाषा और सांस्कृतिक विरासत से पुनः जोड़ना है।
इसकी घोषणा संस्कृति मंत्री सूर्यवंशी सूरज ने सोमवार को भुवनेश्वर में आयोजित एक प्रेस वार्ता में की। उन्होंने बताया कि वर्ष 2025 में शुरू किए गए इस उत्सव को इस बार और अधिक भव्य रूप में राज्यभर में आयोजित किया जाएगा।
मंत्री ने कहा कि ओड़िया पखवाड़ा केवल सरकारी कार्यक्रम नहीं, बल्कि ओड़िया भाषा, साहित्य, भोजन, परंपरा, पहनावा और जीवनशैली का सामूहिक उत्सव है।
ओड़िया पखवाड़ा के प्रमुख कार्यक्रम (1–14 अप्रैल)
1 अप्रैल: सूचना एवं जनसंपर्क विभाग द्वारा ‘ओडिशा दिवस’ के साथ उत्सव का शुभारंभ।
2 अप्रैल: स्कूल एवं जन शिक्षा विभाग द्वारा ‘खड़ी छुआं दिवस’ — प्री-प्राइमरी और कक्षा-1 में प्रवेश लेने वाले बच्चों के लिए विशेष आयोजन।
3 अप्रैल: हथकरघा, वस्त्र एवं हस्तशिल्प विभाग द्वारा ‘आम पोशाक आ परिचय दिवस’ — पारंपरिक वेशभूषा को बढ़ावा।
4 अप्रैल: श्रम विभाग द्वारा ‘ओड़िया नेमप्लेट अभियान’ पदयात्रा, साइनबोर्ड में ओड़िया भाषा के उपयोग को प्रोत्साहन।
5 अप्रैल: खेल एवं युवा सेवा तथा उच्च शिक्षा विभाग द्वारा ऐतिहासिक स्थलों के पास ‘हेरिटेज रन’, फिट इंडिया–फिट ओडिशा अभियान को बढ़ावा।
6 अप्रैल: पंचायत राज एवं पेयजल तथा आवास एवं शहरी विकास विभाग द्वारा मंदिरों और सार्वजनिक स्थलों पर स्वच्छता अभियान।
7 अप्रैल: ओड़िया भाषा, साहित्य एवं संस्कृति विभाग द्वारा ‘शिशु कथा दिवस’, बच्चों में लोककथाओं और कहानी परंपरा को बढ़ावा।
8 अप्रैल: स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण तथा उच्च शिक्षा विभाग द्वारा रक्तदान शिविर।
9 अप्रैल: ‘आस बहिटिए किनिबा अभियान’ (आओ एक किताब खरीदें) — युवाओं में पढ़ने की आदत को बढ़ावा।
10 अप्रैल: ‘लोककला पाईं दिनटिए’ — लोक कलाओं का प्रचार और कलाकारों का सम्मान।
11 अप्रैल: स्कूल एवं जन शिक्षा, उच्च शिक्षा तथा कौशल विकास विभाग द्वारा ‘अमृतपीढ़ी समारोह’, युवाओं और बच्चों में रचनात्मकता को बढ़ावा।
12 अप्रैल: ‘बंदनीय बरपुत्र’ कार्यक्रम — ओडिशा के महान व्यक्तित्वों के जीवन और आदर्शों से नई पीढ़ी को परिचित कराया जाएगा।
13 अप्रैल: ‘आम रुचि आम खाद्य दिवस’ — पारंपरिक और स्थानीय व्यंजनों को बढ़ावा।
14 अप्रैल: पूरे राज्य में भव्य रूप से ओड़िया नववर्ष के साथ उत्सव का समापन।
डिजिटल भागीदारी की सुविधा
जनभागीदारी सुनिश्चित करने के लिए ओड़िया भाषा, साहित्य एवं संस्कृति विभाग ने Odiapakhya.com वेबसाइट और एक मोबाइल ऐप लॉन्च किया है। नागरिक इसमें सेल्फी, रील और सांस्कृतिक सामग्री अपलोड कर सकेंगे, ऑनलाइन क्विज में भाग ले सकेंगे तथा डिजिटल प्रमाणपत्र डाउनलोड कर सकेंगे।
मंत्री सूर्यवंशी सूरज ने नागरिकों, संस्थानों और युवा संगठनों से उत्सव में सक्रिय भागीदारी की अपील करते हुए कहा कि यह अपनी जड़ों से जुड़ने और ओड़िया पहचान को गर्व के साथ प्रदर्शित करने का अवसर है।