लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की विरासत को सम्मान देते हुए, उनकी 151वीं जयंती से पहले मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने मंगलवार को भुवनेश्वर न्यू रेलवे स्टेशन से गुजरात के एकता नगर के लिए एक विशेष ट्रेन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।
इस ट्रेन में ओडिशा के 19 नक्सलमुक्त जिलों के करीब 1,000 प्रतिनिधि सवार हैं। ये प्रतिनिधि 31 अक्टूबर को स्टैच्यू ऑफ यूनिटी के निकट आयोजित होने वाली राष्ट्रीय एकता दिवस परेड में हिस्सा लेंगे। राष्ट्रीय स्तर की इस परेड में ये प्रतिनिधि शांति, सुरक्षा और विकास के प्रतीक के रूप में ओडिशा का प्रतिनिधित्व करेंगे।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने सरदार वल्लभभाई पटेल को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने कहा कि असाधारण नेतृत्व क्षमता और दृढ़ संकल्प के बल पर सरदार पटेल ने 550 से अधिक रियासतों का एकीकरण कर वर्तमान एकीकृत भारत के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2014 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सत्ता में आने के बाद से सरदार पटेल की जयंती को हर साल ‘राष्ट्रीय एकता दिवस’ के रूप में मनाया जा रहा है। यह उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि है। उन्होंने विश्वास जताया कि इस वर्ष की एकता परेड पूरी तरह नक्सलमुक्त भारत की तस्वीर पेश करेगी।
माझी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के दृढ़ नेतृत्व में सुरक्षा बलों के प्रयासों से देश और ओडिशा पूरी तरह नक्सलमुक्त हो गए हैं और तेजी से विकास के रास्ते पर आगे बढ़ रहे हैं।
उन्होंने कहा कि नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में बुनियादी ढांचे के निर्माण के साथ-साथ सामाजिक और आर्थिक विकास को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है। विशेष रूप से 10 प्रभावित जिलों में ‘ग्रामोदय प्लस’ योजना के माध्यम से विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं का लाभ एकीकृत तरीके से वास्तविक लाभार्थियों तक पहुंचाया जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री के ‘एक भारत, श्रेष्ठ भारत’ के दृष्टिकोण को साकार करने के लिए देश के 140 करोड़ लोगों के संयुक्त प्रयास लगातार जारी हैं।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने यह भी घोषणा की है कि केंद्र सरकार ने मयूरभंज जिले के बादामपहाड़ से पुरी तक एक नई एक्सप्रेस ट्रेन को मंजूरी दे दी है। नवंबर के पहले सप्ताह में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू इस ट्रेन को हरी झंडी दिखाकर रवाना करेंगी।
इस ट्रेन सेवा से पुरी, खुर्दा, कटक, जाजपुर, केंदुझर और मयूरभंज सहित छह जिलों के बीच रेल संपर्क मजबूत होगा।