मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने रथयात्रा ड्यूटी के दौरान रहस्यमय परिस्थितियों में जान गंवाने वाले केन्दुझर जिले के होमगार्ड प्रदीप कुमार महांत के परिजनों के लिए 10 लाख रुपये की अनुग्रह राशि और परिवार के एक पात्र सदस्य को सरकारी नौकरी देने की घोषणा की है। मृतक प्रदीप कुमार महांत केन्दुझर जिले के घटगांव थाना क्षेत्र के हुंडापीठा गांव के निवासी थे। वह रथयात्रा के दौरान सुरक्षा व्यवस्था के लिए पुरी भेजे गए केन्दुझर के 50 होमगार्डों की टीम का हिस्सा थे। अधिकारियों के अनुसार, शनिवार रात ड्यूटी पूरी करने के बाद प्रदीप अपने साथियों के साथ सत्यभामा इंग्लिश मीडियम स्कूल के एक कमरे में आराम कर रहे थे, जहां होमगार्डों के ठहरने की व्यवस्था की गई थी। आधी रात करीब उनकी अचानक नींद खुली और उन्हें उल्टी होने लगी। साथियों ने उनके मुंह से सफेद झाग निकलते देखा और तत्काल उन्हें साक्षीगोपाल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
मुख्यमंत्री कार्यालय (CMO) ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर शोक व्यक्त करते हुए बताया कि मुख्यमंत्री ने मुख्यमंत्री राहत कोष (CMRF) से मृतक के निकटतम परिजन को 10 लाख रुपये की अनुग्रह राशि देने की मंजूरी दी है। साथ ही राज्य सरकार ने परिवार के एक पात्र सदस्य को होमगार्ड के पद पर नियुक्ति देने का भी निर्णय लिया है।
मुख्यमंत्री ने शोक संतप्त परिवार के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की।
फिलहाल प्रदीप महांत की मौत के वास्तविक कारणों का पता नहीं चल पाया है। मामले की जांच जारी है।