बिहार विधान परिषद की खाली हो रही 10 सीटों पर 18 जून को चुनाव होंगे। केंद्रीय चुनाव आयोग ने इसकी अधिसूचना जारी कर दी है। पूर्व सीएम नीतीश कुमार के राज्यसभा जाने के बाद खाली हुई सीट पर भी उपचुनाव होगा, जबकि बाकी 9 सीटों पर चुनाव होगा। बिहार में 28 जून को 9 सदस्यों का कार्यकाल पूरा हो रहा है। इनमें डॉक्टर कुमुद वर्मा, प्रोफेसर गुलाम गौस, मोहम्मद फारूक, भीष्म सहनी, भगवान सिंह कुशवाहा, संजय प्रकाश, समीर कुमार सिंह, सम्राट चौधरी और सुनील कुमार सिंह शामिल हैं।
इन 9 सीटों में से मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और योजना विकास मंत्री भगवान सिंह कुशवाहा की सीट पहले से खाली है, क्योंकि दोनों विधानसभा चुनाव में विधायक चुने गए हैं।
वहीं, नीतीश कुमार की सीट पर होने वाले उपचुनाव और 9 अन्य सीटों पर होने वाले चुनाव के लिए अलग-अलग सूचना जारी हुई है। चुनाव आयोग की तरफ से की गई घोषणा के अनुसार बिहार के साथ कर्नाटक के विधान परिषद सीटों पर भी चुनाव होगा।
1 जून को चुनाव का नोटिफिकेशन जारी होगा, जबकि 8 जून नॉमिनेशन का अंतिम दिन है। 9 जून को नॉमिनेशन की जांच की जाएगी और 11 जून नामांकन वापसी का अंतिम दिन है। वहीं, 18 जून को चुनाव होगा। सुबह 9:00 बजे से शाम 4:00 बजे तक वोट डाले जाएंगे। 18 जून को ही 5:00 बजे रिजल्ट जारी कर दिया जाएगा।
बिहार में 201 विधायक एनडीए के पास है। ऐसे में नौ विधान परिषद की सीट एनडीए को मिलना तय है, जबकि एक सीट विपक्ष को मिल सकता है लेकिन अगर एनडीए ने उस सीटों 10 सीटों के लिए उम्मीदवार उतारा तो राज्यसभा चुनाव की तरह 'खेल' होने से इंकार नहीं किया सकता है।