ओडिशा राज्य महिला आयोग ने शुक्रवार को राजधानी के बाहरी क्षेत्र बालीअंता में हुई सनसनीखेज मॉब लिंचिंग घटना की जांच शुरू कर दी है।
आयोग की अध्यक्ष शोभना मोहंती के नेतृत्व में एक उच्चस्तरीय टीम घटनास्थल पर पहुंची और स्थिति का जायजा लिया। टीम ने उस स्थान का गहन निरीक्षण किया, जहां हिंसा की घटना हुई थी। इसके बाद टीम पीड़िता के घर पहुंची और उसका बयान दर्ज किया।
दौरे के बाद मोहंती ने कहा कि मामले में दोषी पाए जाने वाले सभी लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने आश्वासन दिया कि आयोग साक्ष्यों और जमीनी हकीकत के आधार पर व्यापक जांच करेगा। उन्होंने यह भी कहा कि मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा।
उल्लेखनीय है कि यह घटना गुरुवार दोपहर हुई थी, जब मोटरसाइकिल की टक्कर के बाद दो महिलाओं ने दो युवकों पर कथित रूप से दुष्कर्म के प्रयास का आरोप लगाया। इसके बाद स्थानीय लोगों ने दोनों युवकों की पिटाई कर दी।
पीड़ितों में से एक, सौम्यरंजन स्वाईं (32), जो सरकारी रेलवे पुलिस (GRP) के कांस्टेबल थे, भीड़ की पिटाई में मारे गए, जबकि दूसरे युवक ओम प्रकाश राउत की हालत गंभीर बनी हुई है और उनका इलाज जारी है।