अदालत ने मंगलवार को एक सतर्कता (विजिलेंस) मामले में दोषसिद्धि के बाद सेवानिवृत्त कार्यकारी अभियंता की 2.50 करोड़ रुपये की अनुपातहीन संपत्ति जब्त करने का आदेश दिया। कन्फिस्केशन कोर्ट (अधिकृत अधिकारी, विशेष न्यायालय, विजिलेंस, भुवनेश्वर) ने नवरंगपुर जिले के उमरकोट आर.डब्ल्यू. डिवीजन के पूर्व कार्यकारी अभियंता सिमाद्री नायक की 2,50,44,029 रुपये मूल्य की संपत्तियों को जब्त करने का आदेश दिया।
इन संपत्तियों में चल और अचल दोनों प्रकार की संपत्तियां शामिल हैं। अचल संपत्तियों में रायगड़ा में एक बहुमंजिला इमारत, नवरंगपुर में दो इमारतें और तीन भूखंड—एक रायगड़ा शहर में तथा दो नवरंगपुर शहर में शामिल हैं। चल संपत्तियों में बैंक जमा और सोने के आभूषण शामिल हैं।
ओडिशा विजिलेंस द्वारा जारी आधिकारिक प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, नायक और उनकी पत्नी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 की धारा 13(2) सहपठित धारा 13(1)(e) तथा भारतीय दंड संहिता की धारा 109 के तहत आरोपपत्र दाखिल किया गया था, जिसमें ज्ञात आय स्रोतों से अधिक संपत्ति रखने का आरोप था।
सुनवाई के बाद विशेष न्यायाधीश, विशेष न्यायालय, भुवनेश्वर ने 11 दिसंबर 2023 को नायक और उनकी पत्नी को इनकम से ज्यादा संपत्ति रखने का दोषी ठहराया। इसके बाद की कार्यवाही में नामित अदालत ने यह जब्ती आदेश पारित किया।