बालेश्वर जिले में विशेष रूप से उदयपुर, तलसारी और किर्तनिया समुद्र तट से समुद्र में जाने वाले मछुआरों, नाव मालिकों, मत्स्य सहकारी समितियों के सदस्यों तथा आम लोगों के लिए एक महत्वपूर्ण एडवाइजरी जारी की गई है।
यह एडवाइजरी 24 और 25 मार्च 2026 को आयोजित होने वाले दो दिवसीय तटीय सुरक्षा अभ्यास ‘सागर कवच’ को ध्यान में रखते हुए जारी की गई है। ‘सागर कवच’ भारतीय नौसेना, भारतीय तटरक्षक बल, मरीन पुलिस और अन्य सुरक्षा एजेंसियों द्वारा संयुक्त रूप से आयोजित नियमित तटीय रक्षा अभ्यास है, जिसका उद्देश्य समुद्र के रास्ते संभावित आतंकी घुसपैठ या संदिग्ध गतिविधियों सहित असममित खतरों से निपटने की तैयारी को मजबूत करना है।
इस तरह के अभ्यास पहले भी ओडिशा सहित देश के विभिन्न तटीय इलाकों में समय-समय पर आयोजित किए जाते रहे हैं, ताकि विभिन्न एजेंसियों के बीच समन्वय और तटीय सुरक्षा तंत्र की प्रभावशीलता का परीक्षण किया जा सके।
अभ्यास के दौरान सुरक्षा और सुचारु संचालन सुनिश्चित करने के लिए समुद्र में जाने वाले सभी मछुआरों को निम्न अनिवार्य सुरक्षा एवं पहचान संबंधी निर्देशों का सख्ती से पालन करने की सलाह दी गई है:
Ø नावों को आसानी से पहचान योग्य बनाने के लिए लाल और काले रंग में पेंट करें।
Ø नाव का नाम और पंजीकरण संख्या स्पष्ट रूप से प्रदर्शित करें।
Ø नाव से संबंधित सभी आवश्यक दस्तावेज साथ रखें।
Ø मछुआरों के QR-लिंक्ड आधार कार्ड उपलब्ध रखें।
Ø नाव पर भारतीय राष्ट्रीय ध्वज अवश्य लगाएं।
Ø सभी लोगों के लिए लाइफ जैकेट, अग्निशामक यंत्र, डिस्टेस अलर्ट ट्रांसमीटर (DAT) या अन्य आपातकालीन बीकन उपकरण सहित आवश्यक सुरक्षा उपकरण रखें।
मछुआरों से यह भी आग्रह किया गया है कि यदि किसी क्षेत्र को प्रतिबंधित या अभ्यास क्षेत्र घोषित किया जाता है तो वहां प्रवेश न करें और अपनी तथा नाव की सुरक्षा को प्राथमिकता दें।
इसके अलावा, समुद्र में किसी भी संदिग्ध व्यक्ति, अज्ञात नाव या असामान्य गतिविधि दिखाई देने पर तुरंत निकटतम मत्स्य विभाग अधिकारी, मरीन पुलिस स्टेशन या स्थानीय मछुआरा समिति को सूचित करने को कहा गया है।