झारखंड मंत्रालय में हुई मंत्रिपरिषद की बैठक में कुल 23 प्रस्ताव को चर्चा के बाद पारित कर दिया गया। इसमें सबसे महत्वपूर्ण प्रस्ताव वन पर्यावरण एवं जलवायु परिवर्तन विभाग से रहा, जो जंगली जानवरों के हमले में शिकार हुए व्यक्ति की मौत, गंभीर रूप से घायल होने, मामूली रूप से घायल होने और स्थायी अपंगता पर मिलने वाली मुआवजा राशि को बढ़ाने से संबंधित था। कैबिनेट में लिए गए फैसले की जानकारी देते हुए अपर मुख्य सचिव वंदना दादेल ने कैबिनेट में मंजूर किये गए सभी 23 प्रस्ताव की जानकारी दी।उन्होंने बताया कि जंगली जानवरों के हमले में किसी व्यक्ति के मारे जाने पर अब मुआवजा की राशि 4 लाख की जगह 10 लाख रुपये करने के प्रस्ताव पर कैबिनेट की मुहर लगी है।
इसी तरह जंगली जानवरों के हमले में गंभीर रूप से घायल होने पर 1.5 लाख की जगह 2 लाख रुपये, मामूली रूप से घायल होने पर 25 हजार की जगह 35 हजार और स्थायी अपंगता की स्थिति में 3.25 लाख की जगह 3.5 लाख रुपये दिए जाने का प्रस्ताव है, इसके साथ साथ क्षतिपूर्ति मिलने की प्रक्रिया को भी निर्धारित किया गया है।