आवास एवं शहरी विकास मंत्री कृष्ण चंद्र महापात्र ने गुरुवार को भुवनेश्वर नगर निगम (बीएमसी) और कटक नगर निगम (केएमसी) को स्वच्छता, जल निकासी और शहरी बाढ़ प्रबंधन के लिए मिशन मोड में काम करने का निर्देश दिया। उन्होंने आगामी राष्ट्रीय स्वच्छता रैंकिंग में भुवनेश्वर और कटक को नंबर-1 बनाने का लक्ष्य तय किया।
उन्नति भवन में समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए महापात्र ने कहा कि भुवनेश्वर के अपनी श्रेणी में पहले नौवें स्थान पर रहने के बाद अब आधुनिक तकनीक, प्रभावी निगरानी और नागरिकों की भागीदारी बढ़ाकर बेहतर प्रदर्शन करना होगा।
भारी बारिश के दौरान जलजमाव रोकने के लिए उन्होंने नालों की नियमित मशीनों से सफाई और गाद निकालने का निर्देश दिया। अधिकारियों ने बताया कि कई नाले संकरे हो गए हैं और कुछ स्थानों पर 3-4 फीट तक गाद जमा है। मंत्री ने प्रमुख नालों की वर्ष में कम से कम तीन बार सफाई और अत्याधुनिक मशीनरी के इस्तेमाल का आदेश दिया।
बाढ़ प्रबंधन के लिए रणनीतिक स्थानों पर फ्लड सेंसर लगाने और उन्हें इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर (ICCC) से जोड़ने को कहा गया, ताकि जलजमाव की वास्तविक समय में निगरानी, संभावित बाढ़ की पहचान और समय पर अलर्ट जारी किया जा सके।
महापात्र ने इस्कॉन मंदिर के पास ड्रेनेज परियोजना को तेजी से पूरा करने और बेहरा साही में जल निकासी कार्यों में तेजी लाने का निर्देश दिया। अन्य संवेदनशील इलाकों में सड़क के साथ एकीकृत ड्रेनेज व्यवस्था विकसित करने पर भी जोर दिया।
उन्होंने सैनिक स्कूल क्षेत्र समेत विभिन्न स्थानों पर कचरे के जमाव और दुर्गंध की समस्या के समाधान के लिए तकनीक आधारित और स्थायी उपाय अपनाने को कहा। मंत्री ने स्पष्ट किया कि लक्ष्य केवल रैंकिंग सुधारना नहीं, बल्कि स्वच्छता, जल निकासी और शहरी बुनियादी ढांचे में स्थायी सुधार लाना है।
बैठक के बाद उन्होंने कहा कि जलजमाव के लिए अस्थायी उपायों के बजाय स्थायी समाधान पर जोर दिया जाना चाहिए। इसके लिए पूर्व तैयारी, नियमित गाद निकासी, मशीनों से सफाई और रियल-टाइम मॉनिटरिंग जरूरी है। उन्होंने सभी संबंधित एजेंसियों को बेहतर समन्वय के साथ चल रही परियोजनाओं को समय पर पूरा करने और रोकथाम, तैयारी व त्वरित प्रतिक्रिया पर केंद्रित होकर काम करने का निर्देश दिया।
बैठक में विभाग के विशेष सचिव-सह एसबीएम (शहरी) मिशन निदेशक बिनय कुमार दाश, बीएमसी आयुक्त चंचल राणा, केएमसी आयुक्त किरणदीप कौर सहोता, वाटको निदेशक देबब्रत मोहंती, OWSSB के ईआईसी भाग्यधर मोहंती सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।