मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान बुधवार को मुंगेर में बाढ़ प्रभावित इलाकों का जायजा लेने पहुंचे। दोनों नेताओं ने शीतलपुर में बाढ़ पीड़ितों से मुलाकात की और राहत शिविरों का निरीक्षण किया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने बाढ़ प्रभावित परिवारों को आर्थिक सहायता और मुंगेर-भागलपुर सड़क परियोजना को लेकर भी बड़ी जानकारी दी।मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने नवागढ़ी और शीतलपुर में बाढ़ पीड़ितों से मुलाकात की। राहत शिविरों में पहुंचकर भोजन,दवा और अन्य जरूरी सुविधाओं की जानकारी ली। केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने राहत शिविर में बच्चों के लिए चल रहे अस्थायी आंगनबाड़ी केंद्र का भी निरीक्षण किया। उन्होंने बाढ़ पीड़ितों से बातचीत कर उनकी समस्याएं जानी। शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि केंद्र सरकार की टीम बाढ़ से हुए नुकसान का आकलन कर रही है और राज्य सरकार को हरसंभव सहयोग दिया जाएगा। केंद्रीय मंत्री ने कहा कि कृषि विभाग और ग्रामीण विकास विभाग की टीमें प्रभावित क्षेत्रों में पहुंचकर नुकसान का आकलन कर रही है। राज्य सरकार की ओर से किए जा रहे राहत कार्यों का जायजा लिया गया है। क्षति का आकलन पूरा होने के बाद केंद्र सरकार की ओर से बिहार को हरसंभव सहायता उपलब्ध कराने की बात कही गई है।
वहीं मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने बताया कि बिहार में करीब साढ़े आठ लाख परिवारों को सात हजार रुपये की आर्थिक सहायता देने की प्रक्रिया शुरू की गई है। सरकार की ओर से बाढ़ प्रभावित परिवारों को राहत पहुंचाने का काम जारी है। मुख्यमंत्री ने मुंगेर के लोगों के लिए सड़क परियोजना को लेकर भी महत्वपूर्ण जानकारी दी। उन्होंने कहा कि बरसात खत्म होने के बाद मुंगेर से भागलपुर के बीच करीब82किलोमीटर लंबी सड़क बनाने का काम शुरू किया जाएगा। मुख्यमंत्री के मुताबिक,परियोजना का उद्देश्य आवागमन बेहतर करने के साथ बाढ़ के दौरान सड़क संपर्क को भी मजबूत करना है।