जाजपुर ज़िले की पॉक्सो (बच्चों को यौन अपराधों से संरक्षण) कोर्ट ने एक प्राइवेट ट्यूटर को अपनी 15 साल की छात्रा के साथ रेप करने के आरोप में 20 साल की सख़्त सज़ा सुनाई है। यह घटना छह साल पहले हुई थी। कोर्ट ने दोषी पर 50,000 रुपये का जुर्माना भी लगाया है। दोषी की पहचान जाजपुर ज़िले के कोरेई इलाके के रहने वाले रमाकांत बिस्वाल के रूप मे हुई है। स्पेशल पब्लिक प्रॉसिक्यूटर प्रताप कुमार राय ने बताया कि कोर्ट ने 19 गवाहों के बयान सुनने और जांच के दौरान मिले सबूतों की समीक्षा करने के बाद यह फ़ैसला सुनाया।
केस के रिकॉर्ड के मुताबिक, बिस्वाल ने 2020 में ट्यूशन के समय नाबालिग लड़की के साथ कई बार रेप किया था। यह मामला तब सामने आया जब पीड़िता के परिवार वालों ने चाइल्डलाइन के अधिकारियों के साथ मिलकर कोरेई पुलिस में औपचारिक शिकायत दर्ज कराई।
शिकायत के आधार पर पुलिस ने केस दर्ज किया और बाद में आरोपी को पॉक्सो एक्ट की धारा 6 के तहत गिरफ़्तार कर लिया। यह धारा गंभीर यौन हमले (पेनिट्रेटिव सेक्सुअल असॉल्ट) से संबंधित है।
जेल की सज़ा और जुर्माने के अलावा, पॉक्सो कोर्ट ने जाजपुर ज़िला विधिक सेवा प्राधिकरण को पीड़िता को 8 लाख रुपये का मुआवज़ा देने का निर्देश भी दिया है।