मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने शुक्रवार को नई दिल्ली में आयोजित ओडिशा फूड प्रो 2026 निवेशक शिखर सम्मेलन एवं रोडशो के दौरान देश की प्रमुख कंपनियों के शीर्ष उद्योगपतियों से एक-एक कर मुलाकात की। राज्य सरकार खाद्य प्रसंस्करण (फूड प्रोसेसिंग) क्षेत्र में बड़े निवेश आकर्षित करने के लिए सक्रिय प्रयास कर रही है।
सरकार-से-व्यवसाय बैठकों के दौरान मुख्यमंत्री ने विभिन्न कंपनियों के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ निवेश प्रस्तावों और परियोजनाओं के क्रियान्वयन पर विस्तार से चर्चा की।
मुख्यमंत्री से मुलाकात करने वालों में चिरिपाल पॉलीफिल्म्स के सीईओ सुमंत सिंघल, हिंदुस्तान कोका-कोला बेवरेजेज के सीईओ एवं निदेशक हेमंत रुपाणी, बालाजी वेफर्स के निदेशक श्याम विरानी और केउर विरानी, लेट्स ट्राई के सीईओ एवं संस्थापक विनोद कैरा तथा बियॉन्ड स्नैक्स के संस्थापक मानस मधु शामिल थे।
राज्य सरकार इन कंपनियों के साथ पहले ही समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर कर चुकी है। बैठक में उद्योग मंत्री संपद चंद्र स्वाईं तथा राज्य सरकार के वरिष्ठ अधिकारी भी मुख्यमंत्री के साथ मौजूद रहे।
मुख्यमंत्री कार्यालय ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर जानकारी देते हुए कहा कि बैठकों में निवेश प्रस्तावों को शीघ्र आगे बढ़ाने, रणनीतिक साझेदारियों को मजबूत करने तथा ओडिशा के खाद्य प्रसंस्करण क्षेत्र में परियोजनाओं के तेज़ी से क्रियान्वयन पर विशेष जोर दिया गया।
सीएमओ के अनुसार, मुख्यमंत्री ने निवेश आधारित विकास के प्रति राज्य सरकार की प्रतिबद्धता दोहराते हुए निवेशकों को निर्बाध सुविधाएं, समयबद्ध सहयोग और निरंतर संवाद का भरोसा दिलाया, ताकि निवेश संबंधी प्रतिबद्धताओं को जल्द से जल्द धरातल पर उतारा जा सके।
राज्य सरकार ने ओडिशा फूड प्रो 2026 के माध्यम से 10 हजार करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव प्राप्त करने का लक्ष्य निर्धारित किया है।
अधिकारियों का कहना है कि इन बैठकों और रोडशो का उद्देश्य ओडिशा को खाद्य प्रसंस्करण उद्योग के लिए देश के सबसे पसंदीदा निवेश गंतव्यों में स्थापित करना है। इससे राज्य में बड़े पैमाने पर रोजगार के अवसर पैदा होंगे और समावेशी औद्योगिक विकास को गति मिलेगी।
दिल्ली में आयोजित यह रोडशो राज्य में होने वाले मुख्य ओडिशा फूड प्रो 2026 शिखर सम्मेलन से पहले निवेशकों तक पहुंच बनाने और उन्हें आकर्षित करने की राज्य सरकार की व्यापक पहल का हिस्सा है।