प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने दुर्गापूजा ‘प्रीव्यू शो’ से जुड़े कथित वित्तीय अनियमितता मामले की जांच में पूर्व मंत्री इंद्रनील सेन से जुड़े लेनदेन को लेकर कई दावे किए हैं। ईडी के मुताबिक, सेन के स्वामित्व वाली ‘ऑक्टेव रिकॉर्ड्स’ के बैंक खाते से तत्कालीन मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को बैंकिंग माध्यम से करीब 30 लाख रुपये भेजे गए थे। ईडी के अनुसार, इंद्रनील सेन ने जांच के दौरान इस राशि को रॉयल्टी के रूप में दिए जाने की बात कही है। ईडी की ओर से जारी बयान के मुताबिक इंद्रनील सेन और उनके स्वामित्व वाली कंपनी ‘ऑक्टेव रिकॉर्ड्स’ के बैंक खातों में उनके मंत्री पद पर रहने के दौरान 3.8 करोड़ रुपये से अधिक की नकद राशि जमा हुई थी। इसी दौरान ऑक्टेव रिकॉर्ड्स के बैंक खाते से करीब 30 लाख रुपये विभिन्न बैंकिंग माध्यमों के जरिए तत्कालीन मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को भेजे गए। एजेंसी के मुताबिक, इंद्रनील सेन ने इस भुगतान को रॉयल्टी के तौर पर बताया है। ईडी के बयान में इस लेनदेन के संबंध में ममता बनर्जी को आरोपी नहीं बताया गया है और एजेंसी ने इस भुगतान में किसी आपराधिकता का आरोप नहीं लगाया है।
इंद्रनील सेन के स्वामित्व वाली ‘ऑक्टेव रिकॉर्ड्स’ का कार्यालय पूर्वी कोलकाता टाउनशिप के राजडांगा मेन रोड पर बताया गया है। यह संगीत निर्माण और रिकॉर्डिंग से जुड़ा स्टूडियो है। ईडी की जांच के अनुसार दुर्गापूजा के प्रवेश पासों से जुड़े कथित वित्तीय अनियमितता के दौरान इंद्रनील सेन और उनकी कंपनी के अलग-अलग बैंक खातों में 3.8 करोड़ रुपये से अधिक की नकद राशि जमा हुई।
एजेंसी इसी मामले में धन के प्रवाह और उसके इस्तेमाल की जांच कर रही है। ईडी के मुताबिक इंद्रनील सेन से बुधवार को कोलकाता स्थित कार्यालय में करीब 10 घंटे पूछताछ की गई थी। एजेंसी ने उन्हें आगे की पूछताछ के लिए 7 अक्टूबर को सुबह 11 बजे फिर बुलाया है।