सुंदरगढ़ सदर पुलिस ने मासूम ग्रामीणों को ठगने और लूटने के आरोप में पांच फर्जी (स्वयंभू) बाबाओं को गिरफ्तार किया है। ये सभी आरोपी बिहार के औरंगाबाद क्षेत्र के रहने वाले हैं।
पुलिस ने इनके कब्जे से कई लाख रुपये के सोने के आभूषण और 36,000 रुपये नकद बरामद किए हैं। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान गुगु पंडा, दुलार पंडा, बिसाल पंडा, धानु पंडा और डॉक्टर पंडा के रूप में हुई है। सभी को अदालत में पेश कर दिया गया है।
पुलिस के अनुसार, यह गिरोह काफी समय से सदर इलाके में सक्रिय था। ये लोग भोले-भाले ग्रामीणों के पास जाकर उनके परिवार पर आने वाले कथित संकट या दुर्भाग्य का डर दिखाते थे और फिर उसे टालने के नाम पर सोने के गहने और नकदी की मांग करते थे।
ताजा मामला कल का है, जब तीन फर्जी बाबा सदर थाना क्षेत्र के लंकाहुड़ा गांव में गोबर्धन ओराम के घर पहुंचे। गोबर्धन की पत्नी ने उन्हें चावल और 20 रुपये दिए। इसके बाद फर्जी बाबाओं ने उन्हें डराया कि उनके परिवार पर कोई बड़ा संकट आने वाला है। जब परिवार ने सोना देने में असमर्थता जताई, तो बाबाओं ने कथित तौर पर उनके बच्चे को नुकसान पहुंचाने की धमकी दी। बाद में गिरोह के दो और सदस्य वहां पहुंच गए और धमकी को और बढ़ा दिया।
गोबर्धन द्वारा सदर थाना में शिकायत दर्ज कराने के बाद पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर तीन अलग-अलग टीमें बनाई गईं। इन टीमों ने विभिन्न स्थानों पर छापेमारी कर पांचों आरोपियों को सफलतापूर्वक गिरफ्तार कर लिया।