ओडिशा विजिलेंस ने सोमवार को संबलपुर-तालचेर दोहरी रेल लाइन परियोजना के विशेष भूमि अधिग्रहण अधिकारी को 3.10 लाख रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों पकड़ लिया। आरोपी की पहचान अजय कुमार गणनायक के रूप में हुई है, जो संबलपुर-तालचेर दोहरी रेल लाइन परियोजना में विशेष भूमि अधिग्रहण अधिकारी के पद पर कार्यरत हैं।
विजिलेंस की ओर से जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, गणनायक ने एक जमीन मालिक (शिकायतकर्ता) से भूमि अधिग्रहण के मुआवजे के रूप में मिलने वाली 84,62,288 रुपये की राशि जारी करने और भविष्य में तीसरी रेल लाइन परियोजना के दौरान मदद करने के बदले 5.10 लाख रुपये की रिश्वत मांगी थी।
आरोपी पहले ही 27 अक्टूबर को 2 लाख रुपये ले चुका था और शेष 3.10 लाख रुपये की मांग कर रहा था। उसने कथित तौर पर शिकायतकर्ता को धमकी भी दी थी कि यदि रिश्वत की बाकी रकम नहीं दी गई तो तीसरी रेल लाइन परियोजना के लिए भविष्य में होने वाले भूमि अधिग्रहण के दौरान उसे परेशान किया जाएगा।
कोई दूसरा विकल्प नहीं मिलने पर शिकायतकर्ता ने विजिलेंस अधिकारियों से इसकी शिकायत की।
शिकायत के आधार पर ओडिशा विजिलेंस की एक टीम ने सोमवार को जाल बिछाया और गणनायक को शिकायतकर्ता से रिश्वत की शेष 3,10,000 रुपये की राशि लेते हुए रंगे हाथों पकड़ लिया। रिश्वत की पूरी रकम उनके कब्जे से बरामद कर जब्त कर ली गई है।
इस कार्रवाई के बाद गणनायक से जुड़ी तीन जगहों पर आय से अधिक संपत्ति के एंगल से एक साथ तलाशी अभियान चलाया जा रहा है।
इस संबंध में संबलपुर विजिलेंस थाना में केस संख्या 20, दिनांक 01.11.2026 के तहत भ्रष्टाचार निवारण (संशोधन) अधिनियम, 2018 की धारा 7 के अंतर्गत मामला दर्ज किया गया है। मामले की जांच जारी है।