दुष्कर्म मामले में गिरफ्तार एक आरोपी की बुधवार को डाबूगांव पुलिस थाना के अंदर संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। पुलिस इसे आत्महत्या का मामला बता रही है।
मृतक की पहचान डाबूगांव थाना क्षेत्र के मेडेना पंचायत निवासी पूर्णा कालार के रूप में हुई है। रिपोर्ट के मुताबिक, उसे दो दिन पहले दुष्कर्म के एक मामले में गिरफ्तार किया गया था। मंगलवार को उसका मेडिकल परीक्षण कराया गया था और बुधवार को उसे अदालत में पेश किया जाना था। लेकिन इससे पहले ही आरोपी ने कथित तौर पर थाने के अंदर अपनी चादर से फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली।
घटना के बाद इलाके में भारी आक्रोश और चिंता का माहौल है। थाने में चौबीसों घंटे पुलिसकर्मियों की मौजूदगी के बावजूद आरोपी द्वारा आत्महत्या किए जाने की घटना ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। मामले की सच्चाई जांच के बाद ही सामने आने की उम्मीद है।
इधर, मृतक के परिजनों और रिश्तेदारों ने थाने के सामने विरोध प्रदर्शन करते हुए नवरंगपुर जाने वाली सड़क जाम कर दी। परिजनों का आरोप है कि पुलिस ने लॉकअप के अंदर उनके बेटे की बेरहमी से पिटाई की और बाद में इसे आत्महत्या का रूप दे दिया। आक्रोशित परिवार के लोग शव दिखाने की मांग को लेकर थाने के सामने धरने पर बैठ गए और पुलिस विरोधी नारेबाजी की।
मृतक के शव को पोस्टमार्टम के लिए नवरंगपुर जिला मुख्यालय अस्पताल भेजा गया है। प्रशासन को आशंका है कि शव परिजनों को सौंपे जाने के बाद तनाव और बढ़ सकता है।
स्थिति को नियंत्रण में रखने के लिए डाबूगांव थाने में दो प्लाटून पुलिस बल और नौ पुलिस अधिकारियों की तैनाती की गई है।