ओडिशा सरकार ने राज्य में पड़ रही भीषण गर्मी को देखते हुए विभिन्न कार्यस्थलों पर सुरक्षा उपायों को और सख्त कर दिया है। यह जानकारी राजस्व एवं आपदा प्रबंधन मंत्री सुरेश पुजारी ने मंगलवार को दी। मीडिया से बातचीत में मंत्री ने कहा कि लोगों को सुबह 11 बजे से दोपहर 3 बजे तक की तेज गर्मी के दौरान अनावश्यक रूप से बाहर निकलने से बचने के लिए पहले ही एडवाइजरी जारी की जा चुकी है। उन्होंने बताया कि सड़क निर्माण और लोक निर्माण विभाग जैसे क्षेत्रों में इस समयावधि के दौरान बाहरी कार्यों पर रोक लगाई गई है, ताकि लू और गर्मी से होने वाली बीमारियों से बचाव किया जा सके।
पुजारी ने कहा कि खनन कार्यों में भी पर्याप्त एहतियाती कदम उठाने के निर्देश दिए गए हैं। इनमें पानी का छिड़काव, पंखों की व्यवस्था और मजदूरों के लिए सुरक्षित कार्य वातावरण सुनिश्चित करने हेतु बेहतर सुविधाएं शामिल हैं।
उन्होंने आगे बताया कि परिवहन विभाग को प्रमुख स्थानों पर यात्रियों के लिए पीने के पानी की उपलब्धता सुनिश्चित करने और डिहाइड्रेशन के मामलों से निपटने के लिए ओआरएस (ओरल रिहाइड्रेशन सॉल्यूशन) तैयार रखने के निर्देश दिए गए हैं।
उन्होंने सलाह दी कि जो लोग जरूरी काम से दोपहर के समय यात्रा करने को मजबूर हैं, वे अपने साथ पानी रखें, सिर को टोपी या कपड़े से ढककर रखें और धूप से बचने के लिए चश्मे का इस्तेमाल करें।
संदिग्ध लू से मौत की घटनाओं पर मंत्री ने कहा कि वास्तविक कारण की पुष्टि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगी।
उन्होंने बताया कि जिला कलेक्टरों को ऐसे मामलों की व्यक्तिगत रूप से प्राथमिकता के आधार पर समीक्षा करने के निर्देश दिए गए हैं। गर्मी से मौत की पुष्टि होने पर मृतकों के परिजनों को 24 घंटे के भीतर अनुग्रह राशि (मुआवजा) प्रदान किया जाएगा।
जनता से अपील करते हुए पुजारी ने कहा कि लोग सतर्क रहें और अत्यधिक आवश्यक न होने पर दोपहर के समय घर से बाहर निकलने से बचें।